रायपुर में दर्दनाक हादसा…इस्कॉन मंदिर के पास युवती को ट्रक ने कुचला, मौके पर मौत, परिवार पर दुखों का पहाड़ टूटा…

छत्तीसगढ़/ रायपुर में जन्माष्टमी उत्सव के बीच एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। टाटीबंध स्थित इस्कॉन मंदिर में भगवान कृष्ण के दर्शन के लिए आई 18 वर्षीय युवती को देर शाम ट्रक ने कुचल दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे से श्रद्धालुओं में अफरा-तफरी मच गई और उत्सव का माहौल मातम में बदल गया।
कृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर सुबह से ही इस्कॉन मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही थी। इसी बीच देर शाम लगभग 9 बजे के करीब मंदिर की ओर जा रही बेमेतरा निवासी भूमि चंद्राकर (उम्र 18 वर्ष) को एक तेज रफ्तार ट्रक ने अपनी चपेट में ले लिया। हादसा इतना भयानक था कि भूमि की मौके पर ही मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, युवती मंदिर के पास सड़क पार कर रही थी, तभी ट्रक चालक ने वाहन पर नियंत्रण खो दिया और यह दर्दनाक घटना हो गई। हादसे के बाद वहां मौजूद लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी।
पुलिस की कार्रवाई…
घटना की जानकारी मिलते ही आमानाका थाना पुलिस मौके पर पहुंची और ट्रक को जब्त कर लिया। चालक को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। आमानाका थाना प्रभारी ने बताया कि मृतका भूमि चंद्राकर बेमेतरा की रहने वाली थी और अपने परिजनों के साथ जन्माष्टमी के अवसर पर रायपुर आई थी। हादसे के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
रायपुर के इस्कॉन मंदिर में हर साल की तरह इस बार भी जन्माष्टमी पर हजारों श्रद्धालु पहुंचे। दिनभर दर्शन-पूजन और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन चलता रहा। भीड़ अधिक होने के कारण टाटीबंध इलाके में शाम को यातायात दबाव में आ गया था। लोगों ने आरोप लगाया कि मौके पर ट्रैफिक व्यवस्था मजबूत होती तो शायद यह घटना टाली जा सकती थी। भारी भीड़ और वाहनों के बीच सुरक्षा व्यवस्था नाकाफी नजर आई।
यातायात व्यवस्था में बदलाव…
हादसे के बाद पुलिस ने तुरंत यातायात व्यवस्था को दुरुस्त करने कदम उठाए। भीड़ को नियंत्रित करने और श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए टाटीबंध ब्रिज से कुम्हारी पुल तक दुर्ग जाने वाले मार्ग को रात 8 बजे से 12 बजे तक बंद किया गया। रायपुर से दुर्ग की ओर जाने वाले यात्रियों को सलाह दी गई कि वे अमलेश्वर-मोतीपुर मार्ग का उपयोग करें ताकि जाम और असुविधा से बचा जा सके।
परिवार और श्रद्धालुओं में मातम
भूमि चंद्राकर की अचानक मौत से उसके परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं, जन्माष्टमी के मौके पर दर्शन करने पहुंचे श्रद्धालु भी इस घटना से आहत हुए। मंदिर परिसर में जहां दिनभर उल्लास और भक्ति का वातावरण था, वहीं हादसे की खबर ने माहौल को गमगीन कर दिया।



