आरंग में नीरज लोधी की निर्मम हत्या मामले में नाबालिग समेत 8 आरोपी गिरफ्तार, लोधी समाज ने की आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग

छत्तीसगढ़/आरंग : रायपुर के आरंग में 18 वर्षीय होनहार कलाकार नीरज लोधी की निर्मम हत्या के मामले में पुलिस ने एक नाबालिग सहित कुल 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी मनीष कुमार निषाद उर्फ संजू और उसके साथियों ने नीरज पर लोहे के कड़े और चाकू से हमला किया था। गंभीर हालत में अस्पताल ले जाते समय नीरज की मृत्यु हो गई।
बता दें कि इस वारदात के बाद आक्रोशित लोधी समाज के सैकड़ों लोगों ने आज आरंग थाना पहुंचकर पुलिस प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते हुए रायपुर ग्रामीण पुलिस अधीक्षक के नाम ज्ञापन सौंपा था। कार्रवाई नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी गई थी।
सीएसपी लम्बोदर पटेल और थाना प्रभारी हरीश साहू ने इस दौरान प्रदर्शनकारियों को शांत कराया और मामले की निष्पक्ष जांच का भरोसा दिलाया। उन्होंने बताया कि मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है और बाकी साक्ष्यों के आधार पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जा रही है, ताकि पीड़ित परिवार को न्याय सुनिश्चित किया जा सके।
होली के दिन हुई खूनी वारदात…
बता दें कि मृतक नीरज लोधी अपनी कलात्मक प्रतिभा के कारण क्षेत्र में विशेष पहचान रखता था। पुलिस के अनुसार 4 मार्च को होली पर्व के दौरान नीरज अपने दो दोस्तों के साथ साहू टी स्टॉल, कलई चौक की ओर जा रहा था तीनों जब साहू पारा स्थित संदीप किराना स्टोर के पास पहुंचे, तब वहां पहले से मौजूद कुछ युवकों ने रंग लगाने के नाम पर उनकी बाइक रोक ली और चाबी निकाल ली। रंग न लगाने की बात कहने पर साहू पारा निवासी संजू निषाद और उसके साथियों ने गाली-गलौज शुरू कर दी। आरोप है कि तीनों युवकों को बाइक से नीचे गिराकर मारपीट की गई।
इसी दौरान संजू निषाद ने हाथ में पहने लोहे के चूड़े से नीरज के सिर पर वार किया, जिससे वह जमीन पर गिर पड़ा। इसके बाद आरोपियों ने चाकू से उसके सीने में हमला कर दिया। गंभीर हालत में नीरज को अस्पताल ले जाया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। थाना आरंग में आरोपियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अब तक 8 आरोपियों को हिरासत में लिया है। उनसे पूछताछ जारी है।
मृतक नीरज लोधी अपने माता-पिता का इकलौता पुत्र था, जिसकी असमय मृत्यु ने परिवार की दुनिया उजाड़ दी। उसकी मौत से घर ही नहीं, बल्कि पूरा मोहल्ला और समाज शोक में डूब गया है। बचपन से ही नीरज को मूर्तिकला का शौक था। वह घर पर छोटी-छोटी प्रतिमाएं बनाकर अपनी कला को निखारता रहता था। जैसे-जैसे उसकी उम्र बढ़ती गई, वैसे-वैसे उसकी प्रतिभा भी परिपक्व होती गई।
रामनगर चौक में गणेश चतुर्थी के अवसर पर भगवान गणेश और नवरात्रि में मां दुर्गा की आकर्षक एवं भव्य प्रतिमाएं वह स्वयं तैयार करता था। क्षेत्र की विभिन्न झांकियों के निर्माण में भी उसका विशेष योगदान रहता था। उसकी कलाकारी और सादगीपूर्ण व्यवहार ने उसे सबका प्रिय बना दिया था।
घटना के बाद रामनगर चौक और आसपास के इलाकों में सन्नाटा और तनाव का माहौल है। पुलिस ने क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी है और कहा है कि पूरे मामले का जल्द खुलासा किया जाएगा, ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके और समाज में शांति कायम रहे। पुलिस ने सभी आरोपियों को आरंग के व्यवहार न्यायालय में पेश किया और पूछताछ जारी है।



