भिलाई : दूसरों से सम्मान, प्रेम और खुशी मांगें नहीं, निस्वार्थ भाव से बांटें — सूरज भाई

दूसरों से सम्मान, प्रेम और खुशी मांगें नहीं, निस्वार्थ भाव से बांटें — सूरज भाई आबू पर्वत
भिलाई, 19 अगस्त 2026 छत्तीसगढ़:- प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय द्वारा सेक्टर-7 स्थित पीस ऑडिटोरियम में आयोजित दो दिवसीय योग कार्यक्रम “अचल-अडोल स्थिति” के दूसरे दिन अंतरराष्ट्रीय मुख्यालय माउंट आबू से पधारे वरिष्ठ राजयोग शिक्षक एवं पीस ऑफ माइंड चैनल के सुप्रसिद्ध कार्यक्रम “समाधान” के मुख्य वक्ता ब्रह्माकुमार सूरज भाई जी ने कहा कि आज मनुष्य अपने जीवन में सम्मान, प्यार, खुशी, स्नेह और शांति चाहता है, लेकिन विडंबना यह है कि वह इन्हें दूसरों से चाहता है। उन्होंने कहा कि ये चीजें मांगने से नहीं मिलतीं, बल्कि इन्हें निस्वार्थ भाव से दूसरों को देने से जीवन में वास्तविक सुख और शांति का अनुभव होता है।
आपने कहा कि मंदिरों में देवी-देवताओं और भगवान वरदाता के रूप में विराजित है, जो बिना किसी अपेक्षा के सभी की मनोकामनाएं पूर्ण करते हैं। इसी प्रकार हमें भी अपने इष्ट एवं परमात्मा से शक्ति लेकर दूसरों को सम्मान, सुख, शांति, प्रेम और खुशी का दान देना चाहिए।
ब्रह्माकुमार सूरज भाई जी ने पवित्र सावन मास का आध्यात्मिक संदेश देते हुए कहा कि परमात्मा शिव पर क्रोध, लोभ और लालच जैसे तीन अवगुणों का दान करें तथा अपने मानस पटल पर सदैव सुंदर एवं श्रेष्ठ विचारों का सृजन करें।
दो दिवसीय योग एवं तपस्या कार्यक्रम में साधकों ने अपने जीवन में आने वाली विभिन्न परेशानियों एवं चुनौतियों को प्रश्नों के माध्यम से साझा किया और उनके आध्यात्मिक समाधान प्राप्त किए।
कार्यक्रम में डिवाइन ग्रुप के बच्चों ने स्वागत नृत्य प्रस्तुत कर सभी का मन मोह लिया।
आबू पर्वत से पधारे ब्रह्माकुमार रुपेश भाई एवं ब्रह्माकुमारी गीता दीदी ने भी अपने अनुभवयुक्त वक्तव्य के माध्यम से साधकों को लाभान्वित किया।
कार्यक्रम के अंत में भिलाई सेवा केंद्रों की निदेशिका ब्रह्माकुमारी राजयोगिनी आशा दीदी जी ने आभार व्यक्त किया।
योग कार्यक्रम में भिलाई के सभी सेवा केंद्रों से बड़ी संख्या में साधकों ने लाभ लिया।



