CM डॉ. मोहन यादव का इंदौर में सभी धर्मों के लोगों ने समान नागरिक संहिता का समर्थन करते हुए किया स्वागत

मध्यप्रदेश/इंदौर। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव गुरुवार को इंदौर पहुंचे, जहां देवी अहिल्याबाई होलकर एयरपोर्ट पर उनका भव्य स्वागत किया गया। इस स्वागत की सबसे खास बात यह रही कि हिंदू, मुस्लिम, सिख और ईसाई समाज के प्रतिनिधि एक साथ एयरपोर्ट पहुंचे और मुख्यमंत्री का पुष्पगुच्छ एवं मालाओं से अभिनंदन किया। समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू होने के बाद विभिन्न धर्मों के लोगों का एक मंच पर आकर मुख्यमंत्री का स्वागत करना पूरे कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रहा।
स्वागत के बाद डॉ मोहन यादव ने कहा कि समान नागरिक संहिता केवल एक कानून नहीं, बल्कि उन स्वतंत्रता सेनानियों के सपनों को साकार करने की दिशा में उठाया गया ऐतिहासिक कदम है, जिन्होंने देश की आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि चंद्रशेखर आज़ाद, भगत सिंह और देश के अनेक क्रांतिकारियों ने ऐसे भारत की कल्पना की थी, जहां हर नागरिक को समान अवसर मिले और सभी के लिए एक समान कानून हो। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश आज उसी संकल्प को जमीन पर उतारने का काम कर रहा है।
सरकार ने व्यापक स्तर पर जनसंवाद किया…
उन्होंने कहा कि उन्हें विशेष खुशी इस बात की है कि इंदौर एयरपोर्ट पर सभी धर्मों के लोगों ने समान नागरिक संहिता का समर्थन करते हुए उनका स्वागत किया। उनके मुताबिक यह इस बात का प्रतीक है कि समाज का बड़ा वर्ग समान अधिकार और समान कानून की व्यवस्था का समर्थन कर रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि यूसीसी लागू करने से पहले प्रदेश सरकार ने व्यापक स्तर पर जनसंवाद किया। लगभग दो महीने तक पूरे प्रदेश में अभियान चलाकर तीन करोड़ से अधिक लोगों तक पहुंच बनाई गई। इस दौरान 10 लाख से ज्यादा सुझाव प्राप्त हुए, जिनका अध्ययन करने के बाद कानून को अंतिम रूप दिया गया। उन्होंने कहा कि यह कानून जनता की भागीदारी और सुझावों के आधार पर तैयार किया गया है।
समान कानून लोकतंत्र की मूल भावना
सीएम मोहन यादव ने कहा कि यूसीसी लागू होने के बाद मध्य प्रदेश उन प्रमुख राज्यों में शामिल हो गया है, जहां सभी नागरिकों के लिए समान कानूनी व्यवस्था लागू होगी। उन्होंने बताया कि इस कानून में विवाह, विवाह पंजीकरण, विवाह विच्छेद, उत्तराधिकार और वसीयत जैसे महत्वपूर्ण विषयों को शामिल किया गया है। अब धर्म के आधार पर अलग-अलग प्रावधानों के बजाय सभी नागरिकों के लिए समान नियम लागू होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि एक देश में रहने वाले सभी नागरिकों के लिए समान अधिकार और समान कानून लोकतंत्र की मूल भावना है। उन्होंने कहा कि “एक देश, एक विधान और समान कानून” की दिशा में मध्य प्रदेश ने महत्वपूर्ण कदम बढ़ाया है और इससे नागरिकों के अधिकारों को और मजबूती मिलेगी।
इंदौर पूरे प्रदेश के लिए प्रेरणा का केंद्र…
इंदौर के विकास पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह शहर लगातार नई ऊंचाइयों को छू रहा है। स्वच्छता के साथ-साथ अब आधुनिक बुनियादी ढांचे के विकास में भी इंदौर देशभर के लिए मिसाल बन रहा है। उन्होंने कहा कि शहर को लगातार नई सौगातें मिल रही हैं और यही कारण है कि इंदौर पूरे प्रदेश के लिए प्रेरणा का केंद्र बन चुका है। मुख्यमंत्री ने इंदौर के डबल डेकर ब्रिज को आधुनिक इंजीनियरिंग का अद्भुत उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि एक पुल के ऊपर दूसरा पुल, उसके बीच से गुजरती रेलवे लाइन और उसके ऊपर मेट्रो कॉरिडोर जैसी बहुस्तरीय संरचना आधुनिक भारत की तकनीकी क्षमता का प्रतीक है।
एकजुट मौजूदगी और यूसीसी के समर्थन का संदेश…
उनके अनुसार इस तरह की परियोजनाएं केवल यातायात को आसान नहीं बनातीं, बल्कि शहर के भविष्य को भी नई दिशा देती हैं। एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री के स्वागत के दौरान विभिन्न धर्मों के प्रतिनिधियों की एकजुट मौजूदगी और यूसीसी के समर्थन का संदेश पूरे कार्यक्रम का सबसे चर्चित पहलू रहा। राजनीतिक और सामाजिक दृष्टि से भी इस घटनाक्रम को महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि मुख्यमंत्री ने इसे सामाजिक समरसता, समान अधिकार और विकसित मध्य प्रदेश की दिशा में एक मजबूत कदम बताया।



